उत्तर प्रदेश के मेरठ जिले से सोशल मीडिया पर एक चौंकाने वाला वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है जिसने राज्य की कानून व्यवस्था और पुलिसिया कार्रवाई पर बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं. वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी पुलिस वैन का दरवाजा खोलकर अंदर घुसते हैं जिसके बाद अंदर से चीखने-चिल्लाने की आवाजें आती हैं और फिर बाहर से दरवाजा बंद कर दिया जाता है. दावा किया जा रहा है कि वैन के अंदर पिटाई करने वाले अधिकारी मेरठ के एसएसपी अविनाश पांडे हैं और अंदर बंद शख्स युवा शक्ति दल के राष्ट्रीय अध्यक्ष व एडवोकेट रवि गौतम हैं. दलित युवती ललिता गौतम हत्याकांड में न्याय की मांग को लेकर कलेक्ट्रेट पर चल रहे प्रदर्शन के दौरान हुए इस हाई-वोल्टेज ड्रामे पर यूपी की सियासत गरमा गई है. सपा सुप्रीमो अखिलेश यादव और सांसद चंद्रशेखर आजाद ने जहां सरकार को घेरा है. वहीं मेरठ पुलिस ने इसे अराजक तत्वों की दलाली और भीड़ को भड़काने की साजिश करार दिया है.
क्या है पूरा मामला?
यह पूरा विवाद 15 मई को हुई दलित समाज की बेटी ललिता गौतम की दर्दनाक हत्या से जुड़ा है. पीड़िता के परिवार को न्याय दिलाने और अपनी मांगों को लेकर भारी संख्या में लोग मेरठ जिला कलेक्ट्रेट कार्यालय के बाहर मुख्य गेट पर धरना दे रहे थे. दिल्ली-एनसीआर में सक्रिय और दलितों की आवाज उठाने का दावा करने वाले वकील रवि गौतम भी अपने समर्थकों के साथ इस प्रदर्शन में शामिल होने पहुंचे थे. इसी दौरान उन्हें हिरासत में लिया गया और पुलिस वैन के अंदर उनके साथ हुई कथित मारपीट का वीडियो सोशल मीडिया पर काफी वायरल हो रहा है.
कौन हैं रवि गौतम
सामने आई जानकारी के मुताबिक, रवि गौतम ‘युवा शक्ति दल’ के राष्ट्रीय अध्यक्ष कहे जा रहे हैं. वे दलित समाज के अधिकारों और उनके मुद्दों पर न्याय दिलाने के लिए अलग-अलग मुहिमों और धरना-प्रदर्शनों से जुड़े रहते हैं. बताया जाता है कि वे कभी आजाद समाज पार्टी के मुखिया चंद्रशेखर आजाद के साथी हुआ करते थे, लेकिन बाद में दोनों की राहें जुदा हो गईं.
पुलिस वैन के अंदर का ड्रामा और वकील का आरोप
प्रदर्शन के दौरान जब पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लेकर वैन में बिठाया तभी वैन के अंदर मारपीट का कथित वीडियो वायरल हुआ. इसके बाद वकील रवि गौतम का एक और वीडियो सामने आया जिसमें वे वैन के अंदर ही कोई आत्मघाती या बड़ा कदम उठाने की कोशिश कर रहे थे. लेकिन पुलिस ने उन्हें समय रहते रोक लिया. वीडियो में एडवोकेट रवि गौतम भावुक होते हुए कह रहे हैं ‘मैं वकील हूं, मेरे साथ कप्तान साहब ने बदतमीजी की है, मैं यह बिल्कुल नहीं सहूंगा.’
अखिलेश यादव और विपक्ष का योगी सरकार पर तीखा हमला
इस घटना के वीडियो को सोशल मीडिया पर शेयर करते हुए विपक्ष उत्तर प्रदेश सरकार पर हमलावर हो गया है. सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने एक्स पर पोस्ट कर लिखा ‘मेरठ में दलित समाज की बेटी ललिता गौतम के लिए न्याय की आवाज उठाने पर प्रशासन द्वारा पीड़ित परिवार सहित अन्य लोगों पर किया गया प्रहार और लाठीचार्ज बेहद निंदनीय है.’ वहीं आजाद समाज पार्टी के मुखिया चंद्रशेखर आजाद समेत कई अन्य विपक्षी नेताओं ने भी इस कार्रवाई की घोर निंदा की है.
एसएसपी मेरठ का पलटवार
मामले के तूल पकड़ने के बाद मेरठ के एसएसपी अविनाश पांडे ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस कर पुलिस का पक्ष रखा और वकील रवि गौतम के आपराधिक इतिहास का कच्चा चिट्ठा खोल दिया. एसएसपी ने कहा ‘नोएडा के रहने वाले रवि गौतम का आपराधिक इतिहास है, उन पर गाजियाबाद में तीन और गौतमबुद्ध नगर (सूरजपुर) में एक सहित कुल चार मुकदमे दर्ज हैं. इनके साथ एक अन्य व्यक्ति भी था जिस पर पूर्व में रासुका (NSA) लग चुका है. इन अराजक तत्वों का काम ही यही है कि ये भोले-भाले लड़कों और नाबालिगों को भड़काकर कलेक्ट्रेट का गेट और मुख्य सड़क जाम करते हैं ताकि आने-जाने वाले लोगों और अधिकारियों का रास्ता बाधित हो.’











