पुलिस ने एक महिला का कथित तौर पर अपहरण, उसका यौन शोषण करने और उसे धर्म परिवर्तन और शादी के लिए मजबूर करने के आरोप में एक पुलिस कांस्टेबल और चार नामजद व्यक्तियों सहित आठ लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया है।
पीड़िता की मां ने अपनी शिकायत में कहा कि 2024 में फतेहपुर कोतवाली में तैनात आसिफ नाम के एक पुलिस कांस्टेबल ने उसकी बेटी का यौन उत्पीड़न करने और उस पर इस्लाम कबूल करने का दबाव बनाने का प्रयास किया।
जब उसने विरोध किया, तो उसने उसे वित्तीय प्रस्तावों के साथ लालच दिया और उसे सऊदी अरब में काम करने वाले बसरा गांव के निवासी जावेद के संपर्क में रखा।
पुलिस ने कहा कि जावेद ने सोशल मीडिया के माध्यम से कथित तौर पर महिला का ब्रेनवॉश किया।
शिकायत में कहा गया है कि सऊदी अरब से लौटने के बाद जावेद 2 जनवरी को महिला को अपने साथ ले गया, उसके साथ बलात्कार किया और उसे इस्लाम अपनाने के लिए मजबूर किया।
इसमें कहा गया है कि इस अवधि के दौरान गर्भवती होने के बाद पीड़िता को कथित तौर पर दो बार गर्भपात कराने के लिए मजबूर किया गया था।
कुछ दिन पहले जावेद अपने रिश्तेदारों रेहान और हमजा के साथ कथित तौर पर महिला को मसौली इलाके की एक मजार में ले गया था, जहां एक मौलवी ने जबरन निकाह करवाया था।
अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक विकास चंद्र त्रिपाठी ने कहा कि शिकायत के आधार पर प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है और पीड़िता का आधिकारिक बयान दर्ज किया जा रहा है।
स्थानीय थाना प्रभारी अमित प्रताप सिंह ने कहा कि चार व्यक्तियों- जावेद, हमजा, रेहान और आसिफ के साथ आठ अज्ञात व्यक्तियों के खिलाफ संबंधित कानूनी प्रावधानों के तहत मामला दर्ज किया गया है, जिनमें से तीन को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया गया है।











